गोंडा: तरबगंज विधानसभा क्षेत्र में पीएम पोषण योजना के तहत विद्यालयों में कार्यरत रसोइयों के लिए राहत की खबर सामने आई है। नगर पंचायत तरबगंज के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में रसोइयों को बढ़े हुए मानदेय का लाभ दिया गया। कार्यक्रम में तरबगंज विधायक प्रेम नारायण पांडेय ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के वर्चुअल कार्यक्रम से जुड़कर लाभार्थी रसोइयों को बढ़े हुए मानदेय के चेक वितरित किए।

सरकार की ओर से मिड-डे-मील रसोइयों का मासिक मानदेय ₹2,000 से बढ़ाकर ₹3,000 किए जाने के बाद स्थानीय स्तर पर इसका वितरण शुरू किया गया है। मानदेय में इस बढ़ोतरी से बड़ी संख्या में विद्यालयों में काम करने वाले रसोइयों को सीधा लाभ मिलेगा।

₹2,000 से बढ़कर ₹3,000 हुआ मानदेय

कार्यक्रम के दौरान बताया गया कि प्रदेश सरकार ने पीएम पोषण योजना से जुड़े रसोइयों के मानदेय में बढ़ोतरी की है। अब उन्हें हर महीने ₹3,000 मानदेय मिलेगा।

इसके साथ ही रसोइयों को साड़ी के लिए दी जाने वाली सहायता राशि में भी बढ़ोतरी की गई है। पहले जहां इसके लिए ₹500 दिए जाते थे, वहीं अब यह राशि बढ़ाकर ₹1,000 कर दी गई है।

सरकार के इस फैसले से प्रदेश के करीब 3.53 लाख रसोइयों को लाभ मिलने की बात कही गई है। ये रसोइये सरकारी और सहायता प्राप्त विद्यालयों में पढ़ने वाले करीब 1.46 करोड़ बच्चों के लिए भोजन तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

2017 के मुकाबले तीन गुना हुआ मानदेय

कार्यक्रम में रसोइयों के मानदेय में पिछले वर्षों के दौरान हुई बढ़ोतरी की जानकारी भी साझा की गई।

बताया गया कि वर्ष 2017 में मानदेय ₹1,000 था। इसके बाद 2019 में इसे बढ़ाकर ₹1,500 किया गया। वर्ष 2022 में मानदेय ₹2,000 हुआ और अब 2026 में इसे बढ़ाकर ₹3,000 प्रतिमाह किया गया है।

इस तरह पिछले कुछ वर्षों में रसोइयों के मानदेय में लगातार बढ़ोतरी हुई है।

दुर्घटना बीमा और कैशलेस इलाज की सुविधा

सिर्फ मानदेय बढ़ाने के अलावा रसोइयों के लिए सामाजिक और स्वास्थ्य सुरक्षा से जुड़ी सुविधाओं का भी जिक्र किया गया।

रसोइयों के लिए ₹2 लाख तक के दुर्घटना बीमा की व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही रसोइयों और उनके पात्र परिवार के सदस्यों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी बताई गई।

इन सुविधाओं का उद्देश्य रसोइयों और उनके परिवारों को आर्थिक संकट की स्थिति में अतिरिक्त सुरक्षा देना है।

विधायक ने कहा- रसोइयों की भूमिका महत्वपूर्ण

कार्यक्रम में विधायक प्रेम नारायण पांडेय ने कहा कि विद्यालयों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने वाले रसोइयों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। वे रोजाना बड़ी संख्या में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने की जिम्मेदारी निभाते हैं।

उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास केवल मानदेय बढ़ाने तक सीमित नहीं है, बल्कि रसोइयों को आर्थिक मजबूती, सामाजिक सम्मान और स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध कराना भी उद्देश्य है।

विधायक ने कहा कि बढ़े हुए मानदेय और अन्य सुविधाओं से रसोइयों के परिवारों को आर्थिक सहारा मिलेगा और वे बेहतर परिस्थितियों में अपना काम कर सकेंगे।

कार्यक्रम में कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद

तरबगंज में आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी, शिक्षक संघ के पदाधिकारी और रसोइये मौजूद रहे।

कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य राम धोख मिश्र, नगर पंचायत अध्यक्ष कमलेश पांडेय, उपजिलाधिकारी तरबगंज प्रदीप सिंह, बेलसर के अधिकारी मनीष सिंह, खंड शिक्षा अधिकारी वजीरगंज श्रवण कुमार तिवारी, प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष विनय तिवारी, जिला मंत्री उमाशंकर सिंह और जिला मंत्री विजय नारायण पांडेय समेत अन्य लोग मौजूद रहे।

इस दौरान विभागीय कर्मचारियों और शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।

इन रसोइयों को मिला बढ़े मानदेय का लाभ

कार्यक्रम में रसोइया सुरेश कुमार, किरन, रेखा और श्याम सुंदरी सहित अन्य लाभार्थियों को बढ़े हुए मानदेय का लाभ दिया गया। चेक मिलने के बाद लाभार्थियों ने सरकार की ओर से की गई मानदेय वृद्धि को राहत देने वाला कदम बताया।

रसोइयों के लिए क्या बदला?

  • मासिक मानदेय: ₹2,000 से बढ़कर ₹3,000
  • साड़ी के लिए सहायता: ₹500 से बढ़कर ₹1,000
  • दुर्घटना बीमा: ₹2 लाख तक
  • पात्र परिवार के सदस्यों के लिए कैशलेस चिकित्सा सुविधा
  • प्रदेश के करीब 3.53 लाख रसोइयों को लाभ

बच्चों के पोषण में अहम भूमिका

पीएम पोषण योजना के तहत विद्यालयों में बच्चों को भोजन उपलब्ध कराने में रसोइयों की अहम भूमिका रहती है। वे रोजाना भोजन तैयार करने से लेकर उसे बच्चों तक पहुंचाने की प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा होते हैं।

ऐसे में मानदेय बढ़ाने के साथ स्वास्थ्य और दुर्घटना बीमा जैसी सुविधाएं मिलने से रसोइयों को आर्थिक एवं सामाजिक सुरक्षा मिलने की उम्मीद है।

तरबगंज में आयोजित कार्यक्रम के जरिए बढ़े हुए मानदेय का लाभ रसोइयों तक पहुंचाया गया। सरकार की ओर से मानदेय में की गई बढ़ोतरी से रसोइयों की मासिक आय में राहत मिलेगी, वहीं बीमा और कैशलेस इलाज जैसी सुविधाएं उनके परिवारों के लिए अतिरिक्त सुरक्षा का काम करेंगी।