Lucknow News: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने जेपीएनआईसी (जय प्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर) को निजी हाथों में दिए जाने के मुद्दे पर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सरकारी संपत्तियों को बेच रही है और गरीबों की जेब से पैसा निकालकर अमीरों की तिजोरियां भर रही है।
गुरुवार को सपा के राज्य मुख्यालय लखनऊ में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अखिलेश यादव ने कहा कि “भाजपा सरकार नहीं, दुकान है।” उन्होंने जेपीएनआईसी को लेकर हुए पूरे मामले की भविष्य में जांच कराने की बात भी कही।
‘बीजेपी ने जेपी को बेच दिया’
अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा ने लोकनायक जय प्रकाश नारायण के नाम और समाजवादी आंदोलन के साथ अन्याय किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि समाजवादी सरकार में बनाए गए जेपीएनआईसी को कथित घोटाले के जरिए निजी हाथों में बेच दिया गया।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि जिन अधिकारियों पर जेपीएनआईसी की बिक्री में गड़बड़ी के आरोप हैं, उनकी भी समय आने पर जांच कराई जाएगी।
JPNIC की कीमत 6 हजार करोड़ से ज्यादा होने का दावा
अखिलेश यादव ने दावा किया कि गोमतीनगर में करीब 18 से 20 एकड़ में बना जेपीएनआईसी आज बाजार भाव के हिसाब से 6 हजार करोड़ रुपये से अधिक का हो सकता है।
उन्होंने जेपीएनआईसी में मौजूद सुविधाओं का जिक्र करते हुए कहा कि यहां ऑडिटोरियम, बड़ा कन्वेंशन सेंटर, स्विमिंग पूल, बैडमिंटन, टेनिस और स्क्वैश कोर्ट, जिम, रेस्टोरेंट, पार्किंग और हेलीपैड जैसी सुविधाएं थीं।
उन्होंने दावा किया कि जेपीएनआईसी को 831 करोड़ रुपये में बेचा गया, जबकि केवल पार्किंग से 30 वर्षों में करीब 867 करोड़ रुपये की आय हो सकती थी।
‘समाजवादी सरकार की संपत्तियां बेची जा रही हैं’
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने समाजवादी सरकार के कार्यकाल में बनाए गए कई प्रोजेक्ट और संपत्तियां निजी हाथों में दी हैं।
उन्होंने किसान बाजार, शाने-अवध और जनेश्वर मिश्र पार्क के कुछ हिस्से का भी जिक्र किया। सपा अध्यक्ष के मुताबिक, शाने-अवध को 428 करोड़ रुपये में बेचा गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी संपत्तियों की बिक्री के पीछे भाजपा सरकार की नीयत पर सवाल उठते हैं।
‘अगर भ्रष्टाचार था तो 10 साल तक जांच क्यों नहीं हुई?’
अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सरकार ने जेपीएनआईसी को लेकर समाजवादी सरकार को बदनाम करने के लिए भ्रष्टाचार के आरोप लगाए। उन्होंने सवाल किया कि यदि जेपीएनआईसी के निर्माण में भ्रष्टाचार हुआ था तो सरकार ने करीब दस साल तक इसकी जांच क्यों नहीं कराई।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने संपत्ति बेचने के लिए पुराने आरोपों का सहारा लिया।
जय प्रकाश नारायण के योगदान को किया याद
सपा अध्यक्ष ने जेपीएनआईसी के निर्माण से जुड़े पुराने समय को याद करते हुए कहा कि समाजवादी सरकार में इसके शिलान्यास के दौरान मुलायम सिंह यादव के साथ जॉर्ज फर्नांडीज, मोहन सिंह और बृजभूषण तिवारी समेत कई समाजवादी नेता मौजूद थे।
उन्होंने कहा कि जय प्रकाश नारायण ने संपूर्ण क्रांति का आह्वान कर युवाओं को जागरूक किया था और उनके आंदोलन ने देश की राजनीति में बड़ा बदलाव किया।
एक्सप्रेस-वे को लेकर भी सरकार पर निशाना
अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर एक्सप्रेस-वे की गुणवत्ता को लेकर भी हमला बोला। उन्होंने लखनऊ-कानपुर, गंगा और बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे में कथित टूट-फूट और गड्ढों का जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि समाजवादी सरकार में बनाया गया आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे आज भी बेहतर स्थिति में है। अखिलेश ने भाजपा सरकार के विकास मॉडल पर सवाल उठाते हुए इसे “जेब भरने वाला मॉडल” करार दिया।
कानून-व्यवस्था को लेकर भी साधा निशाना
अखिलेश यादव ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था को लेकर भी भाजपा सरकार पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में हत्या और लूट की घटनाएं बढ़ रही हैं और गरीबों के साथ अन्याय हो रहा है।
उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं पर सुनवाई नहीं हो रही है। साथ ही नेपाल में आई बाढ़ में हुई जनहानि पर दुख जताते हुए उन्होंने कहा कि सरकारों को प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए पहले से तैयार रहना चाहिए।
नोट: जेपीएनआईसी की कीमत, बिक्री और कथित भ्रष्टाचार से जुड़े आंकड़े एवं आरोप अखिलेश यादव द्वारा प्रेस कॉन्फ्रेंस में लगाए गए हैं। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि इस बयान में उपलब्ध नहीं है।


