गोंडा। जिले के कटरा बाजार विकासखंड की चार ग्राम पंचायतों में मनरेगा के तहत गोआश्रय केंद्रों के निर्माण और अन्य विकास कार्यों में करीब 1.34 करोड़ रुपये की वित्तीय अनियमितता का मामला सामने आया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर चार तत्कालीन ग्राम प्रधानों को कारण बताओ नोटिस जारी कर 15 दिन के भीतर साक्ष्यों सहित जवाब मांगा गया है। अधिकारियों के मुताबिक, जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर नियमानुसार वसूली की कार्रवाई की जा सकती है।
मामले की शुरुआत कटरा बाजार क्षेत्र की ग्राम पंचायतों में कराए गए विकास कार्यों में कथित गड़बड़ी की शिकायत से हुई। जानकारी के अनुसार, भाजपा विधायक बावन सिंह ने इस संबंध में शासन स्तर पर शिकायत की थी। इसके बाद संबंधित कार्यों की जांच कराई गई, जिसमें गोआश्रय केंद्रों के निर्माण सहित कई विकास कार्यों में वित्तीय अनियमितताओं की बात सामने आई।
चार ग्राम पंचायतों में 1.34 करोड़ रुपये की अनियमितता
जिला पंचायत राज अधिकारी जीडी जैन के अनुसार, चार ग्राम पंचायतों में कुल 1,34,06,976 रुपये की वित्तीय अनियमितता सामने आई है। जांच में निर्माण कार्यों की स्थिति और संबंधित अभिलेखों के आधार पर आपत्तियां दर्ज की गईं। इसके बाद तत्कालीन ग्राम प्रधानों को नोटिस जारी कर अपना पक्ष रखने का अवसर दिया गया है।
कटुआ नाला: गोआश्रय केंद्र नहीं मिला, अन्य कार्यों पर भी सवाल
जांच के दौरान ग्राम पंचायत कटुआ नाला में गोआश्रय केंद्र नहीं मिला। जांच रिपोर्ट के अनुसार, मौके पर केवल एक स्थल दिखाई दिया, जहां घास और पेड़-पौधे उगे हुए थे। इसके अतिरिक्त तालाब खुदाई, चेकडैम और रिटेनिंग वॉल से जुड़े कार्यों में 13,47,304 रुपये की अनियमितता दर्ज की गई।
महापारा: गोआश्रय केंद्र और विकास कार्यों की जांच

ग्राम पंचायत महापारा में वित्तीय वर्ष 2018-19 के दौरान निर्मित बताए गए गोआश्रय केंद्र की जांच में केंद्र नहीं मिला। इसके साथ ही तालाब, चेकडैम, रिटेनिंग वॉल और समतलीकरण से संबंधित कार्यों में 22,43,976 रुपये की वित्तीय अनियमितता सामने आने की बात कही गई है।
सेहरिया कला: निर्माण कार्यों में 28.37 लाख की अनियमितता
ग्राम पंचायत सेहरिया कला में वित्तीय वर्ष 2018-19 के दौरान कराए गए विभिन्न निर्माण कार्य जांच के दायरे में रहे। इनमें नाद शेड, इंटरलॉकिंग, बाउंड्रीवाल, गार्ड रूम और गायों के विश्राम स्थल से जुड़े कार्य शामिल हैं। जांच में इन कार्यों में 28,37,189 रुपये की अनियमितता दर्ज की गई।
नवडांवा: नौ निर्माण कार्यों में सबसे अधिक धनराशि पर सवाल
ग्राम पंचायत नवडांवा में नौ निर्माण कार्यों की जांच के दौरान 69,78,507 रुपये की वित्तीय अनियमितता सामने आने की बात कही गई है। यहां समतलीकरण, नाद शेड, इंटरलॉकिंग, चेकडैम, रिटेनिंग वॉल, बाउंड्रीवाल और तालाब निर्माण से संबंधित कार्यों की पड़ताल की गई।
चारों ग्राम पंचायतों में दर्ज धनराशि का विवरण इस प्रकार है:
कटुआ नाला: 13,47,304 रुपये
महापारा: 22,43,976 रुपये
सेहरिया कला: 28,37,189 रुपये
नवडांवा: 69,78,507 रुपये
कुल: 1,34,06,976 रुपये।
15 दिन में साक्ष्य सहित जवाब, फिर तय होगी कार्रवाई
मामले में संबंधित तत्कालीन ग्राम प्रधानों को निर्धारित समय के भीतर अपना पक्ष रखने और साक्ष्य प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों के अनुसार, प्राप्त जवाब और अभिलेखों की जांच के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। यदि जवाब संतोषजनक नहीं पाया जाता है, तो प्रस्तावित वसूली की प्रक्रिया आगे बढ़ सकती है।
गौरतलब है कि कारण बताओ नोटिस जारी होना अपने आप में किसी व्यक्ति की दोषसिद्धि या अंतिम वित्तीय जिम्मेदारी तय होना नहीं है। संबंधित पक्षों का जवाब मिलने और निर्धारित प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
रिपोर्टः श्री प्रकाश शुक्ला (ब्लॉक संवाददाता, रूपईडीह)