गोंडा: स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम के दौरान छात्राओं से कथित तौर पर आपत्तिजनक भोजपुरी गाने पर डांस कराने का मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद मामला अधिकारियों के संज्ञान में आया। जांच के दौरान विद्यालय के बिना मान्यता संचालित होने की बात सामने आने पर स्कूल प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।

मामला गोंडा के कमनोत क्षेत्र के असानी बुजुर्ग स्थित नॉलेज वीम एकेडमी स्कूल का बताया जा रहा है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम का एक वीडियो इंटरनेट मीडिया पर सामने आया था। वीडियो में कुछ छात्राएं नकाब पहनकर भोजपुरी गाने पर नृत्य करती दिखाई दे रही हैं। वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर इसको लेकर नाराजगी जताई गई।

वीडियो सामने आने के बाद शिक्षा विभाग ने शुरू की जांच

सोशल मीडिया पर वीडियो प्रसारित होने के बाद शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने मामले को गंभीरता से लिया और विद्यालय की जांच कराई। जांच के दौरान स्कूल के संचालन से संबंधित दस्तावेजों और मान्यता की स्थिति की भी पड़ताल की गई।

अधिकारियों के मुताबिक, जांच में विद्यालय के संचालन को लेकर नियमों के उल्लंघन की बात सामने आई। इसके बाद विभाग ने स्कूल के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी।

खंड शिक्षा अधिकारी रियाज अहमद की ओर से स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की गई और विद्यालय का संचालन बंद कराने के निर्देश दिए गए।

स्कूल परिसर को किया गया सील

जांच के बाद शिक्षा विभाग ने विद्यालय का संचालन रोकने के निर्देश दिए। इसके तहत स्कूल के प्रबंधक कार्यालय, प्रधानाचार्य कार्यालय और मुख्य प्रवेश द्वार पर ताला लगाकर परिसर को सील कर दिया गया।

विभाग ने स्कूल में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए उन्हें नजदीकी परिषदीय और मान्यता प्राप्त विद्यालयों में प्रवेश दिलाने के निर्देश भी दिए हैं।

बिना मान्यता स्कूल चलाने का आरोप

शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार, विद्यालय के पास संचालन के लिए आवश्यक मान्यता नहीं थी और इसके बावजूद स्कूल चलाया जा रहा था। जांच में सामने आई इस कथित अनियमितता को भी कार्रवाई का आधार बनाया गया है।

इसके अलावा स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम में छात्राओं से कथित तौर पर आपत्तिजनक गाने पर डांस कराने के मामले को भी गंभीरता से लिया गया है। विभाग का कहना है कि विद्यालयों में होने वाले कार्यक्रमों में विद्यार्थियों की गरिमा और सुरक्षा का ध्यान रखना जरूरी है।

स्कूल प्रबंधक के खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा

मामले में स्कूल प्रबंधक आरएस मौर्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। पुलिस और शिक्षा विभाग की ओर से मामले से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है।

वहीं, बेसिक शिक्षा विभाग विद्यालय की मान्यता, संचालन और उससे संबंधित दस्तावेजों की भी पड़ताल कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

पहले भी सील हो चुका था विद्यालय

मामले में यह बात भी सामने आई है कि संबंधित विद्यालय को पहले भी सील किया जा चुका था। बेसिक शिक्षा अधिकारी अमित कुमार सिंह के मुताबिक, पूर्व में कार्रवाई के बावजूद विद्यालय के दोबारा संचालित होने की शिकायत मिली थी।

अब वीडियो सामने आने के बाद विभाग ने दोबारा कार्रवाई करते हुए विद्यालय को बंद कराया है और प्रबंधक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।

बच्चों की सुरक्षा से समझौता नहीं: शिक्षा विभाग

शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि विद्यालयों में विद्यार्थियों की सुरक्षा, सम्मान और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। नियमों का उल्लंघन कर संचालित होने वाले संस्थानों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल वायरल वीडियो और विद्यालय के संचालन से जुड़े मामले की जांच जारी है। पुलिस की कार्रवाई और विभागीय जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम से जुड़े अन्य तथ्यों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

नोट: छात्राओं से जुड़े मामले में वीडियो की सामग्री और आरोपों को लेकर अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही निकाला जाना चाहिए। इस रिपोर्ट में संबंधित आरोपों को उपलब्ध जानकारी और अधिकारियों के कथित बयानों के आधार पर प्रस्तुत किया गया है।