Lucknow News: लखनऊ में हरदोई रोड स्थित तिकुनिया, पारा चौराहा और बुद्धेश्वर क्षेत्र की डेयरियों से करीब 350 भैंसों को नगर निगम द्वारा जब्त किए जाने का मामला अब राजनीतिक मुद्दा बन गया है। समाजवादी पार्टी ने नगर निगम की कार्रवाई का विरोध करते हुए जिला प्रशासन से हस्तक्षेप कर प्रभावित पशुपालकों की समस्याओं का समाधान कराने की मांग की है।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर 23 अगस्त को पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने लखनऊ के जिलाधिकारी से मुलाकात की और इस संबंध में ज्ञापन सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल में लखनऊ मध्य विधानसभा क्षेत्र के विधायक एवं पूर्व मंत्री रविदास मेहरोत्रा, सपा लखनऊ महानगर अध्यक्ष फाखिर सिद्दीकी, जिलाध्यक्ष जयसिंह जयन्त और प्रदेश अध्यक्ष यूथ ब्रिगेड अनीस राजा शामिल रहे।
350 भैंसों को जब्त करने का सपा ने किया विरोध
सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि डेयरियों से बड़ी संख्या में भैंसों को जब्त किए जाने के बाद पशुपालकों के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने कहा कि पशुपालकों की आजीविका सीधे तौर पर इन पशुओं से जुड़ी है।
प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी के सामने पूरे मामले को रखते हुए नगर निगम की कार्रवाई से प्रभावित पशुपालकों को राहत दिलाने और उनकी समस्याओं का जल्द समाधान कराने की मांग की।
DM ने नगर आयुक्त से फोन पर की बात
सपा प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात के बाद जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए नगर आयुक्त, नगर निगम लखनऊ से फोन पर बातचीत की। जिलाधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल को समस्या के समाधान का आश्वासन दिया।
सपा नेताओं ने कहा कि पशुपालकों की आजीविका से जुड़े इस मामले में प्रशासन को मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए जल्द कार्रवाई करनी चाहिए।
पशुपालकों के हित में समाधान की मांग
सपा नेताओं का कहना है कि नगर निगम की कार्रवाई से प्रभावित पशुपालकों के सामने रोजी-रोटी का संकट पैदा हो गया है। ऐसे में प्रशासन को उनकी समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए उचित समाधान निकालना चाहिए।
सपा के मुख्य प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी की ओर से जारी बयान के मुताबिक, पार्टी प्रतिनिधिमंडल ने जिला प्रशासन से मामले में प्रभावी कार्रवाई करने और प्रभावित पशुपालकों को राहत दिलाने की मांग की है।
क्या है पूरा मामला?
लखनऊ के हरदोई रोड क्षेत्र के तिकुनिया, पारा चौराहा और बुद्धेश्वर इलाके में डेयरियों से करीब 350 भैंसों को नगर निगम द्वारा जब्त किए जाने के बाद पशुपालकों में नाराजगी है। अब समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल के जिलाधिकारी से मिलने के बाद मामले के समाधान को लेकर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर नजर रहेगी।


