गोण्डा, 01 सितंबर 2026। देवीपाटन मंडल में संगीन वारदातों के आरोपियों और इनामी भगोड़ों पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस महकमे ने अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। मंगलवार को आयोजित एक वर्चुअल बैठक में पुलिस उपमहानिरीक्षक श्री अशोक कुमार ने गोण्डा, बहराइच तथा श्रावस्ती जनपदों की सुरक्षा व्यवस्था और पेंडिंग मामलों का गहन निरीक्षण किया। इस डिजिटल समीक्षा में तीनों जिलों के पुलिस अधीक्षक, अपर पुलिस अधीक्षक, क्षेत्राधिकारी और थानाध्यक्ष शामिल हुए।

केसवार पड़ताल और मुख्य बिंदु

समीक्षा के दौरान डीआईजी ने थानों के हिसाब से इनामी व वांछित अपराधियों की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। बैठक में मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदुओं पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया:

  • अपराधियों के आपराधिक इतिहास, उनके संभावित अड्डों और ताजा गतिविधियों का ब्योरा।
  • भगोड़ों की गिरफ्तारी के लिए अब तक की गई कोशिशों की प्रगति और भावी कार्ययोजना।
  • हत्या, लूट, डकैती और बलात्कार जैसे जघन्य मुकदमों की पेंडिंग विवेचनाओं का शीघ्र निस्तारण।
  • लापता बच्चों को जल्द और सुरक्षित ढूंढ निकालने के लिए विशेष प्रयास।

तकनीक और अंतरजनपदीय समन्वय पर जोर

डीआईजी अशोक कुमार ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि इनामी बदमाशों की धरपकड़ को प्राथमिकता पर रखा जाए। इसके लिए आधुनिक तकनीकी संसाधनों, सूचना तंत्रों और आवश्यकता पड़ने पर अंतरजनपदीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आपसी तालमेल बनाकर कार्रवाई की जाए। गोष्ठी में मौजूद पुलिस अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि वे विशेष अभियान चलाकर वांछितों को सलाखों के पीछे भेजेंगे।

गंभीर मुकदमों के त्वरित अनावरण और भगोड़ों के खिलाफ पुलिस की इस सख्त रणनीति से परिक्षेत्र में कानून-व्यवस्था को मजबूती मिलने के साथ अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगने की उम्मीद है।