गोंडा: झंझरी ब्लॉक से जुड़ी आशा कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जिला अस्पताल में एक दिवसीय प्रदर्शन किया। सीटू से संबद्ध कर्मचारियों ने सीएमओ डॉ. संतलाल पटेल के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर वेतन बढ़ाने, सामाजिक सुरक्षा देने और कार्यस्थल से जुड़ी समस्याओं के समाधान की मांग उठाई।
न्यूनतम वेतन तय करने की मांग
यूनियन की जिला उपाध्यक्ष अलका श्रीवास्तव ने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है और उनका शोषण हो रहा है। उन्होंने मांग की कि आशा संगिनियों को हर महीने 26 हजार रुपये और आशा कार्यकर्ताओं को 22 हजार रुपये न्यूनतम वेतन दिया जाए।
बीमा और वार्षिक वेतन वृद्धि की मांग

प्रदर्शन कर रही कर्मचारियों ने वार्षिक वेतन वृद्धि लागू करने और जीवन बीमा का लाभ देने की मांग भी रखी। इसके साथ ही पोलियो, फाइलेरिया, दस्तक, संचारी रोग अभियान, पीबी, कुष्ठ रोग और आभा आईडी से संबंधित कार्यों का भुगतान समय पर किए जाने की मांग की गई।
आशा कर्मचारियों ने कामकाज को आसान बनाने के लिए लैपटॉप और मोबाइल फोन उपलब्ध कराने की बात भी उठाई।
रैन बसेरे और शिकायत निस्तारण व्यवस्था की मांग
ज्ञापन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रैन बसेरे की सुविधा उपलब्ध कराने और शिकायतों के समाधान के लिए प्रभावी व्यवस्था बनाने की मांग शामिल रही। कर्मचारियों ने जन्म प्रमाण पत्र के नाम पर की जाने वाली कथित अवैध वसूली पर रोक लगाने तथा दलालों की भूमिका समाप्त करने की भी मांग की।
इसके अलावा आशा संगिनियों को क्षेत्र में आने-जाने के खर्च से राहत देने के लिए पेट्रोल भत्ता या स्कूटी उपलब्ध कराने की मांग रखी गई।
प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने अपनी 16 सूत्रीय मांगों पर कार्रवाई की अपील करते हुए कहा कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाए, ताकि वे स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े कार्य बेहतर तरीके से कर सकें।
रिपोर्ट- आदर्श पाण्डेय ( ब्लॉक संवाददाता झंझरी )