गोंडा। चमन मुनि आश्रम पर आयोजित शरद पूर्णिमा मेले का रविवार शाम 7 बजे समापन हो गया। सुबह से ही आश्रम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। श्रद्धालुओं ने स्नान के बाद आश्रम में पूजा-पाठ कर सुख-समृद्धि की कामना की। मेले में धार्मिक आस्था के साथ-साथ व्यापारिक गतिविधियां भी देखने को मिलीं।

पुलिस और प्रशासन ने संभाली सुरक्षा व्यवस्था

मेले के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर स्थानीय पुलिस और प्रशासन का सहयोग मिलने की बात ग्राम प्रधान ने कही। उनके मुताबिक, देहात कोतवाली पुलिस रविवार शाम से ही क्षेत्र में गश्त कर रही थी। देहात थाना प्रभारी शमशेर बहादुर सिंह ने पुलिस बल के साथ मेले का लगातार निरीक्षण किया।

श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के इंतजाम किए गए थे, ताकि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो और मेला शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।

हजारों साल पुरानी परंपरा से जुड़ा है मेला

सुभागपुर ग्राम प्रधान विकास शुक्ला ने बताया कि चमन मुनि आश्रम पर शरद पूर्णिमा के अवसर पर यह मेला हजारों वर्षों से आयोजित होता आ रहा है। इसमें गोंडा जिले के लाखों श्रद्धालु शामिल होते हैं। उन्होंने कहा कि मेले से छोटे-बड़े दुकानदारों और ग्रामीण व्यापारियों को अच्छा लाभ मिलता है। ग्राम प्रधान के अनुसार, इस बार मेले में करीब 50 लाख रुपये का कारोबार हुआ।

विधायक प्रतीक भूषण का हनुमान रथ भी पहुंचा
मेले के दौरान विधायक प्रतीक भूषण के हनुमान रथ को भी नदी किनारे लाया गया था। श्रद्धालुओं की आवाजाही और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए व्यवस्था बनाए रखी गई।
शरद पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित इस मेले में धार्मिक आस्था, स्थानीय परंपरा और ग्रामीण व्यापार का संगम देखने को मिला। आयोजकों और स्थानीय लोगों के लिए मेले का शांतिपूर्ण समापन राहत की बात रहा।

रिपोर्टः महेश मौर्या (ब्लॉक संवाददाता, पड़री कृपाल)