लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा पर विधान परिषद चुनाव में षड्यंत्र करने का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा साजिश के जरिए चुनाव जीतना चाहती थी, लेकिन समाजवादी पार्टी के नेताओं, कार्यकर्ताओं और प्रत्याशियों ने मतदाताओं के सहयोग से उसकी कोशिशों को नाकाम कर दिया। उन्होंने वाराणसी में सपा की जीत को भाजपा के लिए बड़ा राजनीतिक झटका बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में भाजपा की डबल इंजन सरकार की डबल हार हुई है।

शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 को लखनऊ स्थित समाजवादी पार्टी के प्रदेश मुख्यालय में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में अखिलेश यादव ने कहा कि विधान परिषद के शिक्षक एवं स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव परिणाम भाजपा की शिक्षा और शिक्षक विरोधी नीतियों के खिलाफ जनादेश हैं। उन्होंने दावा किया कि कई जिलों में भाजपा ने चुनावी सेटिंग के जरिए 90 प्रतिशत तक मतदान कराया, लेकिन सपा ने मतदाताओं के समर्थन से भाजपा की रणनीति विफल कर दी।

26 हजार स्कूल बंद करने और पेपर लीक को लेकर भाजपा पर निशाना

अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने प्रदेश में 26 हजार प्राथमिक विद्यालय बंद कर दिए और शिक्षकों की नौकरियां कम कर दीं। उन्होंने कहा कि सरकार के कार्यकाल में 20 से अधिक परीक्षाओं के पेपर लीक हुए हैं। भाजपा सरकार शिक्षा व्यवस्था और परीक्षाओं की स्थिति सुधारने में विफल रही है।

उन्होंने कहा कि महिला शिक्षक और अभिभावक प्राथमिक विद्यालयों के बंद होने से चिंतित हैं। बेटियां आखिर कहां पढ़ने जाएंगी? अखिलेश यादव ने दावा किया कि शिक्षक एवं स्नातक चुनाव में महिलाओं और महिला शिक्षकों ने भाजपा के खिलाफ मतदान किया। उन्होंने दोहराया कि समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर केजी से पीजी तक शिक्षा मुफ्त की जाएगी।

काशी में भाजपा की हार को बताया बड़ा राजनीतिक संदेश

सपा प्रमुख ने वाराणसी के चुनाव परिणामों पर कहा कि भाजपा ने काशी की जनता को धोखा दिया है। काशी को क्योटो बनाने का सपना दिखाया गया था, लेकिन आज भी सड़कों पर छुट्टा सांड़ घूम रहे हैं, जगह-जगह कूड़ा पड़ा है और मां गंगा की सफाई का मुद्दा बना हुआ है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में भाजपा की हार ने प्रदेश की राजनीति को नया संदेश दिया है। अखिलेश यादव ने दावा किया कि विधान परिषद में समाजवादी पार्टी की संख्या बढ़ रही है और आने वाले विधानसभा चुनाव में पार्टी रिकॉर्ड जीत दर्ज करेगी।

आरक्षित पदों और बाबा साहब की प्रतिमाओं का मुद्दा उठाया

अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर सरकारी नौकरियों में 11 हजार से अधिक आरक्षित पदों को लेकर अनियमितता का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की 151 प्रतिमाएं तोड़े जाने के मामलों में कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने कहा कि जनता इन मुद्दों को भूली नहीं है और आगामी चुनाव में भाजपा को इसका जवाब देगी।

मतदाता सूची में गड़बड़ी और वोट काटने का लगाया आरोप

चुनाव आयोग पर सवाल उठाते हुए अखिलेश यादव ने मतदाता सूची में कथित धांधली और फर्जी फार्म-7 भरवाकर मतदाताओं के नाम काटे जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी वर्ष 2022 से वोट चोरी और मतदाता सूची में गड़बड़ी का मुद्दा उठा रही है।

उन्होंने चुनाव आयोग से तकनीक और बायोमेट्रिक व्यवस्था का इस्तेमाल कर मतदाता सूची में सुधार कराने की मांग की। साथ ही आधार कार्ड को मतदाता सूची से जोड़ने और मतदान प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने की बात कही।

ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग

अखिलेश यादव ने एक बार फिर बैलेट पेपर से मतदान कराने की मांग दोहराई। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी ईवीएम से 80 की 80 लोकसभा सीटें जीत जाए, तब भी पार्टी बैलेट पेपर से मतदान की पक्षधर रहेगी। उन्होंने जर्मनी और अमेरिका सहित विकसित देशों में बैलेट से मतदान का उदाहरण देते हुए भारत में भी इस व्यवस्था को अपनाने की मांग की।

साइबर अपराध और बच्चों के डेटा को लेकर सरकार से सवाल

सपा अध्यक्ष ने उत्तर प्रदेश में साइबर अपराध बढ़ने का आरोप लगाते हुए कहा कि बैंकों के खातों से धोखाधड़ी कर पैसे निकाले जा रहे हैं। उन्होंने बच्चों और उनके अभिभावकों का डेटा एकत्र किए जाने पर भी सवाल उठाया और पूछा कि सरकार इस डेटा का क्या करेगी।

सपा सरकार के विकास कार्यों का किया जिक्र

अखिलेश यादव ने अपनी सरकार के दौरान बने आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे, कन्नौज के परफ्यूमरी पार्क और आलू मंडी सहित अन्य परियोजनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार किसानों को आलू का उचित मूल्य नहीं दिला पा रही है और कई विकास परियोजनाओं को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर प्रदेश में विश्वस्तरीय स्पोर्ट्स सेंटर विकसित किए जाएंगे।

नवनिर्वाचित MLC और पार्टी के वरिष्ठ नेता रहे मौजूद

प्रेस कांफ्रेंस में नवनिर्वाचित विधान परिषद सदस्य लाल बिहारी यादव, डॉ. मान सिंह यादव, डॉ. आकाश अग्रवाल, कांती सिंह और आशुतोष सिन्हा सहित फैजाबाद-गोरखपुर शिक्षक क्षेत्र के प्रत्याशी संजय त्रिपाठी मौजूद रहे।

इसके अलावा सांसद सनातन पाण्डेय, डॉ. एसपी सिंह पटेल, विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष जासमीर अंसारी, पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेन्द्र चौधरी, प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल, विधायक रविदास मेहरोत्रा और अनिल प्रधान सहित बड़ी संख्या में पार्टी नेता, पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

सपा की इस प्रेस कांफ्रेंस में अखिलेश यादव ने विधान परिषद चुनाव में मिली जीत को आगामी विधानसभा चुनाव की राजनीतिक दिशा का संकेत बताते हुए कार्यकर्ताओं से धैर्य, संयम और अनुशासन के साथ भाजपा का मुकाबला करने का आह्वान किया।